Hindi Current Affairs के aryacurrentaffairs.blogspot.comमें आपका स्वागत हैं, यह वेबसाइट करेंट अफेयर्स को समर्पित वेबसाइट है| यह वेबसाइट प्रतियोगिता परीक्षाओं जैसे SSC, IBPS, Banking, RPSC, MPPSC, UPSC, BPSC, RRB, UPSC इत्यादि प्रतियोगिता परीक्षाओं के लिए महत्वपूर्ण है|


Breaking

गुरुवार, 18 अप्रैल 2019

गुरुवार, अप्रैल 18, 2019

India GDP Growth Rate 2019-20

INDIA  GDP Report 2019

aryacurrentaffairs.blogspot.com

According to IMF Report 2019-20--    

आईएमए (अंतरराष्‍ट्रीय मुद्रा कोष )  ने जनवरी में जारी अपने पहले के अनुमान के मुकाबले इस ताजा अनुमान में भारत की व‍ृद्धि अनुमान में 2019-20 और 2020-21 के लिए 20 आधार अंकों की कटौती की है। आईएमएफ ने कहा है कि दुनिया की उभरती अर्थव्यवस्थाओं में 2019-20 के दौरान चीन की वृद्धि दर 6.3% और भारत की आर्थिक वृद्धि दर 7.3% रह सकती है।  
भारत में, विकास 2019 (2019-20) में 7.3% और 2020 में 7.5% तक पहुंचने का अनुमान है, जो मौद्रिक नीति के अधिक विस्तारवादी रुख के बीच निवेश और मजबूत खपत के समर्थन में है। नीति, "आईएमएफ ने मंगलवार को जारी अपनी विश्व आर्थिक आउटलुक रिपोर्ट में कहा।

According to World Bank Report 2019-20-- 

विश्व बैंक के अनुसार, वित्त वर्ष 19-20 में भारत की जीडीपी वृद्धि में मामूली रूप से 7.5% की तेजी आने की संभावना है, यह निरंतर निवेश सुदृढ़ीकरण, विशेष रूप से निजी-बेहतर निर्यात प्रदर्शन और लचीला उपभोग द्वारा प्रेरित है.

विश्व बैंक ने विश्व बैंक की वसंत बैठक और अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष के आगे दक्षिण एशिया में अपनी नवीनतम रिपोर्ट में कहा कि वित्त वर्ष 18/19 में वास्तविक जीडीपी वृद्धि 7.2% अनुमानित है.

According to ADB Report 2019-20-- 

एशियाई विकास बैंक (ADB) ने बुधवार को वित्त वर्ष 2019-20 में भारत की वृद्धि को 40 आधार अंकों से कम करके 7.2% कर दिया। फिर भी। यह दुनिया में सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था होगी। वित्त वर्ष 2020-21 में विकास दर 7.3% रहने की संभावना है।
एडीबी और आरबीआई दोनों ने पिछले सप्ताह भारत के लिए 2019-20 के विकास प्रक्षेपण को 7.4% से 7.2% तक कम कर दिया, जिससे वैश्विक आर्थिक विकास के लिए बढ़ते जोखिम और साथ ही घरेलू निवेश गतिविधि कमजोर हो गई।

बुधवार, 17 अप्रैल 2019

बुधवार, अप्रैल 17, 2019

Appointments 1-17 April 2019

#Appointments

1-17 April 2019

  1. मिताली राज को स्ट्रीट चाइल्ड क्रिकेट वर्ल्ड कप (SCCWC) में टीम इंडिया की सद्भावना दूत नियुक्त किया गया
  2. मोहम्मद इश्तैह को फिलिस्तीन के पीएम के रूप में नियुक्त किया गया
  3. विश्व शासी निकाय द्वारा बिभू कल्याण नायक अंतर्राष्ट्रीय हॉकी महासंघ (FIH) स्वास्थ्य और सुरक्षा समिति के अध्यक्ष नियुक्त होने वाले पहले भारतीय बन गये है.
  4. प्रोफ़ेसर नजमा अख्तर को जामिया मिलिया इस्लामिया की पहली महिला वाईस चांसलर नियुक्त किया गया है. वह यह पदभार संभालने वाली पहली महिला बन गयी है. 
  5. नौकरशाही फेरबदल में, केंद्र ने गार्गी कौल को रक्षा वित्त,सचिव के रूप में नियुक्त किया है. वह भारतीय लेखा परीक्षा और लेखा सेवा (IA & AS) की 1984 बैच की अधिकारी हैं.
  6. बेंजामिन नेतन्याहू को इज़राइल के प्रधान मंत्री के रूप में पुन: चयनित किया गया| इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने पांचवीं बार चुनाव जीता है. 
  7. कर्णम सेकर, इंडियन ओवरसीज बैंक के एमडी और सीईओ के रूप में कार्यभार संभालेंगे
  8. सन ग्रुप के चेयरमैन विक्रमजीत सिंह साहनी को इंटरनेशनल चैंबर ऑफ कॉमर्स (ICC) - भारत का नया अध्यक्ष चुना गया। उन्होंने कहा कि चैंबर भारत के बाहरी व्यापार को बढ़ावा देने के लिए सरकार के साथ कार्य करेगा।
  9. डेविड मलपास को विश्व बैंक (World Bank) के अध्यक्ष के रूप में नामित किया गया
  10. विपिन आनंद ने भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) के प्रबंध निदेशक (MD) के रूप में कार्यभार संभाला है। इससे पहले, वह एलआईसी के पश्चिमी क्षेत्र के प्रभारी थे, जिसका मुख्यालय मुंबई में था
  11. मनु साहनी ने अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) के रूप में पदभार संभाला
  12. ICICI बैंक के कार्यकारी निदेशक, विजय चंदोक को ICICI बैंक की सहायक कंपनी ICICI सिक्योरिटीज के एमडी और सीईओ के रूप में नियुक्त किया गया है. वह शिल्पा नवल कुमार का स्थान लेंगे

मंगलवार, 16 अप्रैल 2019

मंगलवार, अप्रैल 16, 2019

पुलित्जर पुरस्कार 2019

2019 पुलित्जर पुरस्कार की घोषणा: विजेताओं की पूरी सूची

पुलित्जर पुरस्कार 2019
    पुलित्जर पुरस्कार संयुक्त राज्य अमेरिका में समाचार पत्र, पत्रिका और ऑनलाइन पत्रकारिता, साहित्य और संगीत रचना में उपलब्धियों के लिए दिए जाने वाला एक पुरस्कार है. यह 1917 में अमेरिकी (हंगेरियन-जनित) जोसेफ पुलित्जर की वसीयत में प्रावधानों द्वारा स्थापित किया गया था जिन्होंने अखबार प्रकाशक के रूप में अपनी शख्सियत बनाई थी और यह न्यूयॉर्क शहर में कोलंबिया विश्वविद्यालय द्वारा प्रशासित है.
    
       यहां 2019 पुलित्जर पुरस्कार विजेताओं की पूरी सूची दी गई है

क्र. सं.
वर्ग
विजेता
पत्रकारिता
1.
सार्वजनिक सेवा
स्टाफ़ ऑफ़ द साउथ फ्लोरिडा सन सेंटिनल
2.
समीक्षा
कार्लोस लोज़डा ऑफ़ डी वाशिंगटन पोस्ट
3.संपादकीय लेखन
ब्रेंट स्टेपल्स ऑफ़ द न्यू यॉर्क टाइम्स
किताबें, नाटक, और संगीत
4.
उपन्यास
रिचर्ड पावर्स द्वारा “द ऑवरस्टोरी” 
5.
नाटकजैकी सिब्ब्लिएस दृरी द्वारा“फेयरव्यू”
6.इतिहास
डेविड डब्ल्यू ब्लाइट द्वारा “फ्रेडेरिक डौगलास”
7.
जीवनी या आत्मकथाजेफरी सी.स्टीवर्ट द्वारा “द न्यू नेग्रो”
8.
पद्य
फोर्रेस्ट गैंडर द्वारा “बी विथ”
9.सामान्य नॉनफिक्शन 
एलिजा ग्रिसवोल्ड द्वारा “एमिटी एंड प्रोस्पेरिटी” 
10.
संगीतएलेन रेइड द्वारा “p r i s m” 
11.विशेष प्रशस्ति पत्र
एरेथा फ्रंक्लिंग 

शनिवार, 2 फ़रवरी 2019

शनिवार, फ़रवरी 02, 2019

Budget 2019-20

बजट 2019ः जानें, किस क्षेत्र के लिए सरकार ने कितना खोला पिटारा

2019-20 के अंतरिम बजट में केंद्र सरकार ने कई बड़े ऐलान किए हैं, चुनावी साल में ज्यादातर क्षेत्रों का बजट बढ़ाया गया। आइए जानते हैं कि केंद्र सरकार ने किस क्षेत्र के लिए कितने बजट का प्रावधान किया है।

बजट पेश करने से पहले वित्त मंत्री पीयूष गोयल
नई दिल्ली
शुक्रवार को मोदी सरकार ने 2019-20 के लिए अंतरिम 

बजट 

पेश किया गया। वित्त मंत्री पीयूष गोयल ने इस बजट में कई बड़े ऐलान किए। एक तरफ जहां सरकार ने पहली बार रक्षा बजट के लिए 3 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा का आवंटन किया है|





रक्षा

2019-20 के लिए रक्षा बजट में 6.87 प्रतिशत की वृद्धि की गई है और यह 3.18 लाख करोड़ रुपये पर पहुंच गया है। पिछले साल का रक्षा बजट आवंटन 2.98 लाख करोड़ रुपये था।  कुल बजट आवंटन में से 1,08,248 करोड़ रुपये 2019-20 के लिए पूंजी व्यय के लिए रखे गए हैं

कृषिकिसानों को राहत देने के लिए सरकार ने 6000 रुपये सालाना सहायता राशि के तौर देने का ऐलान किया है। सरकार ने कृषि क्षेत्र के लिए कुल 149,981 करोड़ रुपये बजट का प्रावधान किया है।

शिक्षा

वित्त वर्ष के लिए शिक्षा क्षेत्र हेतु 93,847.64 करोड़ रुपये आवंटित किए हैं जो पिछले बजट आवंटन से 10 प्रतिशत से अधिक है। वित्त मंत्री पीयूष गोयल द्वारा लोकसभा में वित्त वर्ष 2019-20 के लिए पेश अंतरिम बजट में उच्च शिक्षा के लिए 37,461.01 करोड़ रुपये तथा स्कूली शिक्षा के लिए 56,386.63 करोड़ रुपये आवंटित किए गये हैं। पिछले वित्त वर्ष में अरूण जेटली ने शिक्षा क्षेत्र के लिए 85,010 करोड़ रुपये आवंटित किए थे।

स्वास्थ्य

स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए 61,398 करोड़ रुपये के बजटीय प्रावधान की घोषणा की जिसमें 6400 करोड़ रुपये केंद्र की महत्वाकांक्षी आयुष्मान योजना के लिए आवंटित किये गये हैं। आने वाले वित्त वर्ष के लिए स्वास्थ्य आवंटन पिछले दो वित्त वर्ष में सर्वाधिक है और इसमें 2018-19 के आवंटन में 16 प्रतिशत की वृद्धि की गई है। पिछले वर्ष यह आवंटन 54,302.50 करोड़ रुपये था।

रेलवे
बजट में रेलवे के किराए भाड़े में कोई वृद्धि नहीं की गई है। बजट में रेलवे के लिए 1.58 लाख करोड़ रुपये के पूंजीगत व्‍यय का प्रावधान किया गया है और इसके लिए 64,587 करोड़ रुपये सामान्य बजट से उपलब्ध कराने का प्रावधान है। यह रेलवे के लिए अब तक की सबसे बड़ी वार्षिक पूंजीगत खर्च की योजना है।

पर्यटन
इसमें पर्यटन मंत्रालय का बजट आवंटन चालू वित्त वर्ष के 2,150 करोड़ रुपये से बढ़ाकर 2019-20 के लिये 2,189.22 करोड़ रुपये कर दिया गया। इसी तरह संस्कृति मंत्रालय का बजट आवंटन 2,843.32 करोड़ रुपये से बढ़ाकर 3,042.35 करोड़ रुपये कर दिया गया है।

पर्यावरण

पर्यावरण मंत्रालय के लिए बजट आवंटन को 20.27 प्रतिशत बढ़ाकर 3111.20 करोड़ रुपए कर दिया। पिछले वित्त वर्ष में मंत्रालय को 2586.67 करोड़ रुपए आवंटित किए गए थे।

अंतरिक्ष

अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी के लिए 7483 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है जबकि वित्त वर्ष 2018-19 में इसका संशोधित अनुमान 6993 करोड़ रुपये था। इसी प्रकार अंतरिक्ष अनुप्रयोग के लिए अंतरिम बजट में 1885 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है जबकि वित्त वर्ष 2018-19 में इसका संशोधित अनुमान 1595 करोड़ रुपये था। इनसेट सेटेलाइट प्रणालियों के लिए अंतरिम बजट में 884 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है जबकि वित्त वर्ष 2018-19 में इसका संशोधित अनुमान 1330 करोड़ रुपये था।

विदेश
बजट में विदेश मंत्रालय के लिये 16 हजार करोड़ रुपये से अधिक का आवंटन किया गया है। यह पिछले बजटीय आवंटन से एक हजार करोड़ रुपये से भी अधिक है। इसमें मालदीव तथा अफ्रीकी देशों की मदद के आवंटन में भारी वृद्धि की गई। दूसरे देशों की सहायता के लिये आवंटित राशि 5,545 करोड़ रुपये से 902 करोड़ रुपये बढ़ाकर 6,447 करोड़ रुपये कर दी गई है।

खेल
खेल और युवा कार्यों के मंत्रालय के लिए 2181 . 90 करोड़ रुपये का प्रावधान किया। 2018 . 19 के लिए संशोधित अनुमान में यह राशि 1981 . 03 करोड़ रुपये है। खिलाड़ियों को प्रोत्साहन और पुरस्कार की राशि पिछले बजट के संशोधित अनुमान में 316 . 93 करोड़ रुपये थी।

गो-कल्याण
पीयूष गोयल ने शुक्रवार को गाय के दूध का उत्पादन बढ़ाने और गायों की बेहतरी के लिए चाल रही योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए ‘राष्ट्रीय कामधेनू आयोग’ के गठन की घोषणा की। उन्होंने वर्तमान वित्त वर्ष में केंद्र प्रायोजित राष्ट्रीय गोकुल मिशन के तहत संशोधित आवंटन को बढ़ाकर 750 करोड़ रुपये करने का भी ऐलान किया जबकि बजट में इसके लिए 301.50 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया था।

शनिवार, 19 जनवरी 2019

शनिवार, जनवरी 19, 2019

भारत सरकार पर कर्ज 82 लाख करोड़ --2014-19

मोदी सरकार में देश पर कर्ज 49% बढ़ा, 82 लाख करोड़ पर पहुंचा

मोदी सरकार के साढ़े चार साल के कार्यकाल में देश पर कर्ज 49 फीसदी बढ़कर 82 लाख करोड़ रुपये पर जा पहुंचा है। केंद्रीय वित्त मंत्रालय ने कहा कि केंद्र सरकार ने सरकार के कर्ज पर स्टेटस पेपर में भारत सरकार के समस्त कर्ज का विस्तृत ब्योरा दिया है। पहले आठ महीने में नवंबर तक राजकोषीय घाटा 7.17 लाख करोड़ रुपये या पूरे साल के 6.24 लाख करोड़ रुपये के लक्ष्य का 114.8 फीसदी रहा है।


हाइलाइट्स
  • सरकार का कर्ज साढ़े चार साल में 50 फीसदी बढ़कर 82 लाख करोड़ पर पहुंचा
  • जून 2014 में सरकार पर कुल कर्ज का आंकड़ा 54,90,763 करोड़ रुपये
  • सरकार पर कर्ज में भारी बढ़ोतरी की वजह पब्लिक डेट में 51.7 फीसदी की वृद्धि
  • नवंबर तक राजकोषीय घाटा पूरे साल के 6.24 लाख करोड़ रुपये के लक्ष्य के 114.8 फीसदी पर

नई दिल्ली
आगामी लोकसभा चुनाव को लेकर केंद्र में सत्तारूढ़ मोदी सरकार कई तरह की लोकलुभावन योजनाओं पर विचार कर रही है। दूसरी तरफ, देश का राजकोषीय घाटा भी बढ़ रहा है। इस बीच एक और चौंकाने वाली खबर सामने आई है, जिसके मुताबिक मोदी सरकार के कार्यकाल में देश पर कर्ज में 49 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है।
शुक्रवार को केंद्र सरकार के कर्ज पर स्टेटस रिपोर्ट का आठवां संस्करण जारी हुआ, जिसके मुताबिक केंद्र में सत्तासीन नरेंद्र मोदी सरकार के बीते साढ़े चार साल के कार्यकाल के दौरान सरकार पर कर्ज 49 फीसदी बढ़कर 82 लाख करोड़ रुपये पर पहुंच गया। सरकार के कर्ज पर वित्त मंत्रालय के आंकड़ों के मुताबिक, जून 2014 में सरकार पर कुल कर्ज का आंकड़ा 54,90,763 करोड़ रुपये था, जो सितंबर 2018 में बढ़कर 82,03,253 करोड़ रुपये पर पहुंच गया।

सरकार पर कर्ज में भारी बढ़ोतरी की वजह पब्लिक डेट में 51.7 फीसदी की वृद्धि है, जो विगत साढ़े चार वर्षों में 48 लाख करोड़ रुपये से बढ़कर 73 लाख करोड़ रुपये पर पहुंच गया। पब्लिक डेट में यह बढ़ोतरी इंटरनल डेट में 54 फीसदी की बढ़ोतरी की वजह से हुई है, जो लगभग 68 लाख करोड़ रुपये पर पहुंच गई।


Popular Posts